Saturday, 8 May 2021

बच्चों का साहित्य

बच्चों की किताबें पढ़ना बहुत सुखद है। बङो के लिए लिखे गये अखबार और पत्र पत्रिकाएं अक्सर तनाव देने वाली सामग्री से भरे होते हैं। मन को राहत पहुंचाना हो तो बच्चों के लिए बना content  देखना ,सुनना  काफी प्रभावी होता है। पिछले साल सुधा मूर्ति की लिखी किताब  THE SUDHA MURTHY CHILDREN'S TREASURY पढ़ी।किताब के पहले भाग में उनके अपने जीवन से जुड़े छोटे छोटे किस्से हैं जो एक अनुभवी व्यक्ति से बात करने के समान है।कई सारी बातें उनके शिक्षक जीवन के अनुभवों से जुड़ी हैं। 
इसके बाद उन्होंने अपनी अज्जी के द्वारा बचपन में सुनाई गयी कहानियों का जिक्र किया है जिन्हें पढ़कर हमें अपनी दादी और नानी के साथ बिताया हुआ समय याद आ जाता है 
 WHO WAS HAPPIEST AMONGST THEM ALL.

यह एक कहानी है जिसमें एक ऐसे राज्य का किस्सा सुनाया गया है जहाँ राजा अपनी प्रजा को अत्यंत ही सुख देने वाला है। वह यह जानने के लिए कि उसके राज्य में कोई दुखी तो नही, लोगों को अपने राजकीय उद्यान में बुलाता है और उन्हें मुख्यद्वार से प्रवेश करने के लिए कहता है। प्रवेश द्वार पर उन्हें एक-एक  थैला थमा दिया जाता है जिसमें वे अपनी मनचाही वस्तुएं उद्यान से ले सकते हैं। 
अब राजा का उद्यान कोई मामूली उद्यान तो नहीं है। वहाँ पर विभिन्न  किस्म के अद्भुत प्रजातियों के फल लगे हैं, फूल लगे हैं, वनस्पतियां लगी हैं और इतना ही नहीं आगे जाकर लोगों को रत्नाभूषण हीरे जवाहरात भी मिलते हैं। 
तो वो लोग जिन्होंने अपने थैले में अद्भुत फल और वनस्पतियां भर भर कर रखी थीं रत्न हीरे जवाहरात मिलने पर अपने थैलों को खाली कर उसमें कीमती चीजें रख लेते हैं और फलों को वहीं सङने के लिए छोड़ देते हैं। 
अब उद्यान से निकलने की बारी है और इसके लिए उद्यान के अंतिम द्वार से ही निकलने की आज्ञा है। जैसे ही वे बाहर निकलते हैं उन्हें एक तेज बहाव वाली नदी का सामना करना पड़ता है। नदी के उस पार राजा खङा है जो सबकुछ देख रहा है। 
अब बाहर निकलने के लिए लोगों को अपना सारा इकट्ठा किया हुआ सामान फेंकना पङता है और वे दुखी हो जाते हैं।मगर एक युवक अभी भी प्रसन्नचित्त दिखता है। पूछे जाने पर वह कहता है कि उसके पास तो सबकुछ पहले से ही है। जो फल उसने इकट्ठे किए थे वो अपनी बेटी के लिए किए थे।मगर कोई बात नहीं फल तो उसे कहीओर से भी मिल जाएंगे। यही सोच उसे प्रसन्न बनाये हुए है। 
अंत में राजा का मंत्री उसे समझाता है कि यही सच्चा सुखी व्यक्ति है जिसके ह्रदय में संतोष है। 

Hope

                               Hope                           Hope! that is what you look like,             two leaves in soil ,...